ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
दिल्ली के स्वरूप नगर इलाके में रविवार को एक फैक्ट्री में भीषण आग लग गई। आग फैक्ट्री की निचली मंजिलों पर लगी थी। घटना के समय फैक्ट्री के अंदर कोई व्यक्ति मौजूद नहीं था, लेकिन बगल की इमारत में रहने वाले लोगों के बीच अचानक डर फैल गया। आग और धुएं को देखकर कुछ लोग घबरा गए और अपनी जान बचाने के लिए इमारत से नीचे कूद गए। इस दौरान करीब छह लोग घायल हुए।
महिलाओं और बच्चों समेत छह घायल
जानकारी के मुताबिक बगल की इमारत से नीचे कूदने वालों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे। अचानक हुई इस घटना से वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। राहत की बात यह रही कि सभी घायल खतरे से बाहर बताए गए।
फैक्ट्री में नहीं था कोई व्यक्ति
जिस फैक्ट्री में आग लगी थी, वहां उस समय कोई मौजूद नहीं था। फैक्ट्री में जूडो की पोशाक और बॉक्सिंग के दस्ताने बनाए जाते थे। आग ग्राउंड फ्लोर और पहली मंजिल पर लगी थी। देखते ही देखते धुआं आसपास के इलाके में फैल गया।
आग देखकर घबरा गए लोग
फैक्ट्री से सटी इमारत के लोग अचानक धुआं देखकर घबरा गए। कई लोगों को समझ नहीं आया कि आग कितनी तेजी से फैल सकती है। इसी डर में कुछ लोग नीचे कूद गए। अगर आग बगल की इमारत तक पहुंच जाती तो स्थिति और गंभीर हो सकती थी।
आग लगने की वजह साफ नहीं
फिलहाल आग लगने की वजह सामने नहीं आई है। संबंधित एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं। फैक्ट्री में किस तरह का सामान रखा था और आग किस वजह से शुरू हुई, इसका पता जांच के बाद ही चलेगा।
इमारतों की सुरक्षा पर फिर सवाल
दिल्ली जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में छोटी सी आग भी बड़ा हादसा बन सकती है। कई जगह फैक्ट्रियां और रिहायशी इमारतें एक-दूसरे के बेहद करीब हैं।ऐसी घटनाओं के बाद फायर सेफ्टी नियमों और इमरजेंसी एग्जिट की व्यवस्था पर सवाल उठते हैं।
राहत की बात
इस हादसे में सबसे बड़ी राहत यह रही कि फैक्ट्री के अंदर कोई व्यक्ति मौजूद नहीं था और बगल की इमारत से कूदने वाले सभी छह लोग इलाज के बाद खतरे से बाहर बताए गए। फिर भी घटना ने यह सवाल जरूर खड़ा कर दिया है कि ऐसी इमारतों में आग लगने की स्थिति में लोगों के सुरक्षित बाहर निकलने के इंतजाम कितने मजबूत हैं।
Comments (0)
No comments yet. Be the first to comment!