ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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देशभर में NEET-UG पेपर लीक को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच कुछ नाम लगातार चर्चा में बने हुए हैं। इन्हीं में से एक नाम है सौरव दास, जो कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के मुख्य प्रवक्ता और संगठन के प्रमुख मीडिया चेहरों में शामिल हैं। हाल के दिनों में उन्होंने मीडिया के सामने छात्रों की मांगों को रखने और सरकार के साथ हुई बातचीत में संगठन का पक्ष प्रस्तुत करने की भूमिका निभाई है।
CJP में क्या है सौरव दास की भूमिका?
सौरव दास CJP के मुख्य प्रवक्ता और मीडिया यूनिट के प्रमुख हैं। संगठन के अनुसार, वे सार्वजनिक संवाद, प्रेस ब्रीफिंग और सरकार के साथ होने वाली वार्ताओं में प्रमुख भूमिका निभा रहे हैं। NEET-UG पेपर लीक के विरोध में चल रहे आंदोलन के दौरान वे उन प्रतिनिधियों में शामिल रहे, जिन्होंने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात कर छात्रों की मांगों का ज्ञापन सौंपा।
पेशे से खोजी पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ता
सौरव दास का परिचय केवल एक राजनीतिक प्रवक्ता तक सीमित नहीं है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, वे पेशे से स्वतंत्र खोजी पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ता रहे हैं। उन्होंने कानून, न्यायपालिका, सुशासन और नागरिक अधिकारों जैसे विषयों पर कई वर्षों तक रिपोर्टिंग की है। इसके अलावा वे पर्यावरण संरक्षण और नागरिक अधिकारों से जुड़े अभियानों में भी सक्रिय रहे हैं। प्रदूषण नियंत्रण और जलवायु परिवर्तन जैसे मुद्दों पर भी उन्होंने विभिन्न अभियानों के साथ काम किया है।
18 साल की उम्र में RTI से बनाई पहचान
सौरव दास ने वर्ष 2016 से 2019 के बीच एमिटी यूनिवर्सिटी, नोएडा से पत्रकारिता एवं जनसंचार (Journalism and Mass Communication) में स्नातक की पढ़ाई पूरी की। कॉलेज के दौरान ही उन्होंने सूचना का अधिकार (RTI) कानून का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया था। मात्र 18 वर्ष की उम्र में उन्होंने RTI के जरिए कई सार्वजनिक संस्थानों से जानकारी हासिल कर पारदर्शिता और जवाबदेही से जुड़े मुद्दों को उजागर करने का प्रयास किया।
राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मीडिया में प्रकाशित हुई रिपोर्टें
सौरव दास की कई खोजी रिपोर्टें विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मीडिया संस्थानों में प्रकाशित होने का दावा किया जाता है। इन रिपोर्टों में प्रशासनिक व्यवस्था, कानून और सार्वजनिक नीति से जुड़े विषय शामिल रहे हैं। इसी अनुभव के कारण उन्हें सार्वजनिक मुद्दों पर प्रभावी तरीके से अपनी बात रखने वाला वक्ता भी माना जाता है।
NEET आंदोलन में निभा रहे हैं अहम भूमिका
दिल्ली के जंतर-मंतर पर शुरू हुए NEET-UG विरोध प्रदर्शन के दौरान सौरव दास आंदोलन के प्रमुख चेहरों में शामिल रहे। उन्होंने छात्रों की विभिन्न मांगों को सार्वजनिक रूप से रखा और सरकार के साथ संवाद की प्रक्रिया में हिस्सा लिया। संगठन की ओर से उनकी प्रमुख मांगों में परीक्षा प्रणाली में सुधार, कथित अनियमितताओं के लिए जवाबदेही तय करना, प्रभावित अभ्यर्थियों के लिए राहत तथा शांतिपूर्ण प्रदर्शन से जुड़े मामलों में दर्ज FIR वापस लेने की मांग शामिल रही है।
अहिंसक आंदोलन पर दिया जोर
आंदोलन के दौरान कई बार तनावपूर्ण स्थिति बनने के बावजूद सौरव दास ने सार्वजनिक रूप से शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन जारी रखने की अपील की। उनका कहना रहा है कि छात्रों की मांगों को संवैधानिक और शांतिपूर्ण माध्यम से सरकार तक पहुंचाया जाना चाहिए।
चर्चा में क्यों हैं सौरव दास?
NEET-UG पेपर लीक मामले ने देशभर में शिक्षा व्यवस्था और परीक्षा प्रणाली को लेकर नई बहस छेड़ दी है। इसी आंदोलन के दौरान सौरव दास मीडिया, प्रेस कॉन्फ्रेंस और सरकार के साथ बातचीत में लगातार सक्रिय रहे, जिसके कारण वे CJP के सबसे चर्चित चेहरों में से एक बन गए हैं। हालांकि, उनके बारे में उपलब्ध कई दावों और प्रोफाइल संबंधी जानकारियों का स्वतंत्र रूप से सत्यापन आवश्यक हो सकता है। ऐसे में किसी भी जीवनी संबंधी विवरण को अंतिम तथ्य मानने से पहले आधिकारिक या विश्वसनीय स्रोतों से पुष्टि करना उचित रहेगा।
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