ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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मौसम बदलने के साथ नोएडा में बुखार और दूसरी मौसमी बीमारियों के मरीज बढ़ने लगे हैं। अस्पतालों की OPD में ऐसे लोगों की संख्या बढ़ रही है, जिन्हें बुखार, शरीर में दर्द और सांस से जुड़ी परेशानी हो रही है। इसी बीच जिले में डेंगू के मामलों को लेकर भी स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ी है।
डेंगू के मामले बढ़े
उपलब्ध स्वास्थ्य आंकड़ों के मुताबिक जिले में अब तक 180 डेंगू मामले दर्ज किए गए हैं। इसके अलावा मलेरिया के 36 और H1N1 के 458 मामले भी सामने आए हैं। डॉक्टरों के मुताबिक बदलते मौसम के दौरान वायरल और दूसरी मौसमी बीमारियों के लक्षण कई बार एक जैसे दिखाई दे सकते हैं। इसलिए लगातार बुखार होने पर खुद से दवा लेने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
अस्पतालों की OPD में भीड़
नोएडा के अस्पतालों में पिछले कुछ हफ्तों से बुखार से जुड़े मरीजों की संख्या बढ़ी है। मरीजों में बुखार के साथ शरीर में दर्द और सांस संबंधी लक्षण भी देखे जा रहे हैं। मौसम में बदलाव के दौरान संक्रमण फैलने की संभावना बढ़ सकती है। वहीं बारिश के बाद जमा पानी मच्छरों के पनपने के लिए सही माहौल बनाता है, जिससे डेंगू का खतरा बना रहता है।
सितंबर में तेजी से बढ़े संदिग्ध मामले
इससे पहले स्वास्थ्य विभाग को सिर्फ 12 दिनों में डेंगू के लक्षण वाले 79 नए मरीज मिले थे। इनके रक्त के नमूने एलाइजा जांच के लिए भेजे गए थे। उस समय संदिग्ध मरीजों की संख्या 154 तक पहुंचने की जानकारी सामने आई थी। इससे पता चलता है कि सितंबर के दौरान भी डेंगू जैसे लक्षण वाले मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही थी।
मच्छरों से बचाव सबसे जरूरी
डेंगू से बचने के लिए घर के आसपास पानी जमा नहीं होने देना बेहद जरूरी है। कूलर, गमले, छत, पुराने टायर और ऐसी जगहों पर खास ध्यान देना चाहिए जहां बारिश का पानी रुक सकता है। नगर निकाय और स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी मच्छरों की रोकथाम के लिए अभियान चलाए जाते हैं, लेकिन लोगों की भागीदारी भी उतनी ही जरूरी है।
तेज बुखार को नजरअंदाज न करें
डॉक्टरों की सलाह है कि अगर बुखार लगातार बना रहता है या उसके साथ शरीर में ज्यादा दर्द, कमजोरी या दूसरे गंभीर लक्षण दिखाई दें तो मेडिकल जांच करानी चाहिए। डेंगू की पहचान सिर्फ लक्षण देखकर नहीं की जा सकती। जरूरत पड़ने पर डॉक्टर खून की जांच की सलाह देते हैं। इसलिए सोशल मीडिया पर बताए गए घरेलू इलाज या बिना सलाह के दवा लेने से बचना बेहतर है।
आगे भी निगरानी जरूरी
अक्टूबर की शुरुआत के साथ मच्छरों से फैलने वाली बीमारियों पर निगरानी और बढ़ाना जरूरी हो गया है। मौसम में बदलाव और बारिश के बाद मच्छरों की संख्या बढ़ सकती है। नोएडा में डेंगू के मामले सामने आने के साथ स्वास्थ्य विभाग और अस्पतालों पर भी दबाव बढ़ सकता है। ऐसे में लोगों को साफ-सफाई रखने, पानी जमा न होने देने और लगातार बुखार होने पर समय पर जांच कराने पर ध्यान देना चाहिए। फिलहाल नोएडा में डेंगू और अन्य मौसमी बीमारियों को लेकर स्वास्थ्य व्यवस्था निगरानी कर रही है, जबकि अस्पतालों में मरीजों की बढ़ती संख्या के कारण लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है।
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