ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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नोएडा जिला अस्पताल से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में सिक्योरिटी गार्ड सीरिंज में दवा भरता हुआ नजर आ रहा है। वीडियो सामने आने के बाद अस्पताल प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया और सिक्योरिटी गार्ड को नौकरी से हटा दिया गया। इसके साथ ही ड्यूटी पर तैनात स्टाफ नर्स को भी बर्खास्त कर दिया गया है। गार्ड को उपलब्ध कराने वाली आउटसोर्स एजेंसी से भी जवाब मांगा गया है।
क्या है पूरा मामला?
मामला शनिवार देर रात का बताया जा रहा है। नोएडा जिला अस्पताल के मेडिकल वॉर्ड में मरीजों की देखभाल के लिए स्टाफ नर्स ऋचा कुमारी की ड्यूटी थी। वहीं अस्पताल की सुरक्षा के लिए सुनील कुमार नाम का सिक्योरिटी गार्ड तैनात था। आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद नर्स ने गार्ड को कुछ खाली सीरिंज और दवाएं दीं और उनमें तय मात्रा में दवा भरने के लिए कहा। इसके बाद गार्ड अस्पताल की पांचवीं मंजिल पर बने काउंटर के पास बैठ गया और सीरिंज में दवा भरने लगा। इसी दौरान वहां मौजूद किसी व्यक्ति ने इसका वीडियो बना लिया। बाद में यही वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
वीडियो वायरल होने के बाद उठे सवाल
वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल उठाने शुरू कर दिए। लोगों का कहना है कि दवा तैयार करना और मरीजों को दवा देना प्रशिक्षित मेडिकल स्टाफ का काम है। ऐसे में अगर किसी सिक्योरिटी गार्ड से यह काम कराया जाता है तो मरीजों की सुरक्षा पर सवाल उठना स्वाभाविक है।लोगों ने सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर करते हुए मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री, जिलाधिकारी और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी टैग किया और मामले में कार्रवाई की मांग की।
आसपास मौजूद स्टाफ ने क्यों नहीं रोका?
इस मामले में एक और सवाल उठ रहा है कि जब सिक्योरिटी गार्ड सीरिंज में दवा भर रहा था, तब आसपास अस्पताल का स्टाफ भी मौजूद था। ऐसे में किसी ने उसे रोकने की कोशिश क्यों नहीं की? वीडियो में गार्ड को खुले तौर पर सीरिंज में दवा भरते देखा जा सकता है। इसी वजह से अस्पताल की निगरानी और ड्यूटी व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
गार्ड और नर्स पर हुई कार्रवाई
वीडियो सामने आने के बाद अस्पताल प्रशासन ने मामले की जांच की। नोएडा जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अशोक झा ने बताया कि सिक्योरिटी गार्ड सुनील कुमार को नौकरी से हटा दिया गया है। वहीं, ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ नर्स ऋचा कुमारी को भी बर्खास्त कर दिया गया है।
आउटसोर्स एजेंसी को भी नोटिस
बताया गया है कि सुनील कुमार को अलीगढ़ की न्यू पैंथर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड नाम की आउटसोर्स एजेंसी के जरिए अस्पताल में तैनात किया गया था। अस्पताल प्रशासन ने इस एजेंसी को भी नोटिस जारी किया है और पूरे मामले में जवाब मांगा है। फिलहाल इस घटना के बाद अस्पताल प्रशासन की ओर से कार्रवाई तो की गई है, लेकिन इस पूरे मामले ने मरीजों की सुरक्षा और अस्पताल में कर्मचारियों की जिम्मेदारी को लेकर कई सवाल जरूर खड़े कर दिए हैं।
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