ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ग्रेटर नोएडा के बीच रोड पर एक मामूली विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। शराब पी रहे युवकों और गाड़ी में जा रहे दोस्तों के बीच झगड़े ने एक युवक की जान ले ली और दूसरे को गंभीर स्थिति में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह मामला दादरी के कैमराला गांव का है, जहां हरकेश और उसका दोस्त मोहित अपने गांव लौट रहे थे।
विवाद की शुरुआत
घटना तब हुई जब हरकेश (30) और मोहित ग्रेटर नोएडा से गांव की ओर जा रहे थे। बीच रास्ते में 7-8 युवकों ने शराब पीते हुए गाड़ी बीच सड़क पर खड़ी कर रखी थी। हरकेश और मोहित ने उन्हें विनम्र तरीके से गाड़ी हटाने को कहा। नशे में धुत्त युवकों ने इस बात को अनसुना किया और दोनों दोस्तों से उलझ गए।
कुछ ही समय में मामूली बहस हाथापाई में बदल गई। आरोपियों ने लाठी-डंडों का इस्तेमाल कर हरकेश और मोहित पर हमला कर दिया। भीड़ को नियंत्रित करना मुश्किल हो गया और आरोपियों ने हमला करने के बाद मौके से भाग गए।
गंभीर चोट और अस्पताल ले जाने का प्रयास
राहगीरों ने तुरंत दोनों युवकों को अस्पताल पहुंचाया। इलाज के दौरान हरकेश ने अपने भाई टीटू को आरोपियों के नाम बताए। दुर्भाग्यवश, गंभीर चोटों के कारण हरकेश ने अस्पताल में ही दम तोड़ दिया। मोहित अभी भी गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती है।
परिजनों का रोष और जाम
हरकेश के परिजन, विशेषकर पिता जतन सिंह, गुस्से में एंबुलेंस को रोककर गांव में जाम लगा दिया। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। मौके पर कई थानों की पुलिस मौजूद रही और परिजनों को समझाने का प्रयास किया गया।
पुलिस कार्रवाई और गिरफ्तारी
इस मामले में पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर कई लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। अब तक दो आरोपियों को हिरासत में लिया गया है। वहीं अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। प्रारंभिक जांच में पता चला कि यह विवाद केवल गाड़ी हटाने को लेकर हुआ था, लेकिन नशे में युवकों ने मारपीट की और हरकेश की हत्या कर दी।
डीसीपी सुधीर कुमार ने बताया कि लिट्टू, सोनू, कालू, विक्रांत और चकरसेनपुर गांव के अनुज समेत कुछ अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ शिकायत दर्ज की गई है।
परिजनों की प्रतिक्रिया
हरकेश के पिता जतन सिंह ने कहा कि उनका बेटा रात में ड्यूटी से लौट रहा था। हमला पूर्व से रंजिश के कारण हुआ। तीन साल पहले कुछ बातों को लेकर आरोपियों और हरकेश के बीच विवाद हुआ था। पिता ने पुलिस से निष्पक्ष और तेज कार्रवाई की मांग की है।
ग्रेटर नोएडा की यह घटना सड़क पर मामूली विवाद किस तरह जानलेवा बन सकता है, इसका उदाहरण है। नशे की स्थिति, हिंसा और पूर्व रंजिश ने इस मामले को गंभीर बना दिया। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है और बाकी आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। घटना ने स्थानीय लोगों में डर और चिंता पैदा कर दी है।
Comments (0)
No comments yet. Be the first to comment!