ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। सभी राजनीतिक दल अपनी-अपनी रणनीति बनाने में जुटे हुए हैं। इसी बीच कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने INDIA गठबंधन और कांग्रेस की रणनीति को लेकर बड़ा बयान दिया है। उनके बयान को यूपी की राजनीति में अहम माना जा रहा है। सोमवार को मीडिया से बातचीत करते हुए इमरान मसूद ने कहा कि वह INDIA गठबंधन के फैसले लेने वाली व्यवस्था का हिस्सा नहीं हैं। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वह कांग्रेस के एक सिपाही हैं और उनका पूरा ध्यान सिर्फ कांग्रेस को मजबूत करने पर है।
“कांग्रेस को खड़ा करने के लिए पूरी ताकत लगाऊंगा”
इमरान मसूद ने कहा, “INDIA गठबंधन कैसा बनेगा और उसमें क्या होगा, मैं उस सिस्टम का हिस्सा नहीं हूं। मैं कांग्रेस का सिपाही हूं और कांग्रेस को मजबूत करने और खड़ा करने के लिए अपना जी-जान लगाऊंगा।” हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अंतिम फैसला पार्टी नेतृत्व का होगा और पार्टी जो भी निर्णय लेगी, वह उसे पूरी निष्ठा के साथ लागू करेंगे। उनके इस बयान को कांग्रेस के भीतर चल रही राजनीतिक सोच का संकेत माना जा रहा है।
पश्चिम यूपी में मजबूत पकड़ रखते हैं मसूद
इमरान मसूद पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कांग्रेस का बड़ा चेहरा माने जाते हैं। सहारनपुर और आसपास के इलाकों में उनकी अच्छी पकड़ मानी जाती है। राजनीतिक तौर पर उन्हें राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा का करीबी भी माना जाता है। ऐसे में उनका बयान सिर्फ एक व्यक्तिगत राय नहीं बल्कि कांग्रेस के अंदर चल रही रणनीतिक सोच को भी दर्शाता है। खासकर उस समय जब पार्टी यूपी में अपनी खोई जमीन वापस पाने की कोशिश कर रही है।
गठबंधन के साथ-साथ अपनी ताकत बढ़ाने पर फोकस
इससे पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी.एल. पुनिया ने कहा था कि 2027 चुनाव के लिए समाजवादी पार्टी के साथ सीट बंटवारे पर जल्द बातचीत शुरू होनी चाहिए। साथ ही उम्मीदवारों के चयन की प्रक्रिया भी तेज की जानी चाहिए। लेकिन इमरान मसूद के बयान से यह संकेत मिलता है कि कांग्रेस गठबंधन की संभावनाओं के साथ-साथ अपनी स्वतंत्र राजनीतिक तैयारी भी मजबूत करना चाहती है। पार्टी अब केवल गठबंधन के भरोसे नहीं रहना चाहती बल्कि संगठन को मजबूत करने पर भी जोर दे रही है।
संगठन विस्तार पर कांग्रेस का फोकस
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस यूपी में कार्यकर्ता स्तर पर पार्टी की पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है। बूथ स्तर पर संगठन विस्तार, नए चेहरों को जोड़ना और युवाओं को सक्रिय करना पार्टी की रणनीति का हिस्सा है। इमरान मसूद के बयान से यह भी साफ हो गया है कि कांग्रेस 2027 चुनाव को बेहद गंभीरता से ले रही है। चाहे गठबंधन बने या नहीं, पार्टी अपने संगठन और जनाधार को मजबूत करने पर लगातार काम कर रही है।
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