ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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IPL में रिकॉर्ड बनते भी हैं और टूटते भी हैं, लेकिन कुछ रिकॉर्ड ऐसे होते हैं जो खिलाड़ी की निरंतरता, प्रभाव और बड़े मौकों पर उसके प्रदर्शन की असली पहचान बन जाते हैं। विराट कोहली ने ऐसा ही एक रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। IPL 2026 के फाइनल में शानदार पारी खेलने के बाद वे लीग इतिहास में सबसे ज्यादा बार प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड जीतने वाले भारतीय खिलाड़ी बन गए। उनके नाम अब 22 प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड दर्ज हैं।
इस उपलब्धि से पहले यह भारतीय रिकॉर्ड रोहित शर्मा के नाम था। रोहित ने IPL में 21 बार प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड जीता था, लेकिन फाइनल में विराट की मैच जिताऊ बल्लेबाजी ने उन्हें इस सूची में सबसे आगे पहुंचा दिया। तीसरे नंबर पर महेंद्र सिंह धोनी हैं, जिनके नाम 18 अवॉर्ड दर्ज हैं। वहीं रविंद्र जडेजा और केएल राहुल 17-17 अवॉर्ड के साथ आगे की सूची में शामिल हैं।
यह रिकॉर्ड सिर्फ संख्या का खेल नहीं है। प्लेयर ऑफ द मैच का मतलब है कि खिलाड़ी ने मुकाबले के नतीजे पर सीधा असर डाला। और यही वजह है कि विराट का यह रिकॉर्ड उनकी लंबी और असरदार IPL यात्रा को और मजबूत बनाता है।
रिपोर्ट के मुताबिक, IPL 2026 फाइनल में गुजरात टाइटन्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 8 विकेट पर 155 रन बनाए। जवाब में आरसीबी ने यह लक्ष्य हासिल कर लगातार दूसरी बार खिताब अपने नाम किया। इस मैच में विराट कोहली की बल्लेबाजी इतनी प्रभावी रही कि उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
विराट को अक्सर बड़े मैचों का खिलाड़ी कहा जाता है। यह रिकॉर्ड उसी छवि को और मजबूत करता है। बड़े मुकाबलों में अगर कोई खिलाड़ी बार-बार टीम को जीत के करीब ले जाए, तो उसका असर आंकड़ों से बहुत आगे तक जाता है।
भारतीय खिलाड़ियों में विराट अब नंबर-1 हैं, लेकिन अगर पूरी IPL सूची की बात करें तो एबी डिविलियर्स 25 अवॉर्ड के साथ अभी भी सबसे ऊपर हैं। विराट 22 अवॉर्ड के साथ दूसरे स्थान पर पहुंच चुके हैं। यानी अब वे सिर्फ भारतीय सूची के ही नहीं, बल्कि पूरे IPL इतिहास के सबसे बड़े असरदार खिलाड़ियों में शुमार हो चुके हैं।
यह भी ध्यान देने वाली बात है कि इतने लंबे समय तक फॉर्म, फिटनेस और प्रभाव बनाए रखना आसान नहीं होता। IPL जैसी प्रतिस्पर्धी लीग में हर सीजन नए खिलाड़ी आते हैं, रणनीतियां बदलती हैं, और टीमों का संतुलन भी बदलता रहता है। इसके बावजूद लगातार मैच विजेता बने रहना बहुत बड़ी बात है।
विराट के इस रिकॉर्ड का मतलब सिर्फ यह नहीं कि उन्होंने ज्यादा अवॉर्ड जीते। इसका अर्थ यह भी है कि वे लंबे समय तक अपनी टीम के सबसे भरोसेमंद खिलाड़ी रहे हैं। ऐसे रिकॉर्ड किसी एक शानदार सीजन से नहीं बनते, बल्कि सालों की मेहनत, अनुशासन और बड़े मंच पर दबाव झेलने की क्षमता से बनते हैं।
क्रिकेट फैंस के लिए यह रिकॉर्ड एक और वजह है विराट को खास मानने की। क्योंकि हर महान खिलाड़ी सिर्फ रन नहीं बनाता, वह बार-बार मैच का रुख भी बदलता है।
इस उपलब्धि के बाद विराट कोहली की IPL विरासत और भी मजबूत हो गई है। वे अब सिर्फ रन मशीन या स्टार बल्लेबाज नहीं, बल्कि लीग इतिहास के सबसे असरदार भारतीय मैच-विनर के रूप में भी दर्ज हो चुके हैं।
आने वाले सीजन में यह रिकॉर्ड और आगे बढ़ सकता है। लेकिन फिलहाल इतना तय है कि विराट ने एक बार फिर दिखा दिया है कि बड़े मंच पर उनका नाम क्यों सबसे अलग खड़ा होता है।
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