ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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थाईलैंड और कंबोडिया के बीच लंबे समय से चला आ रहा सीमा विवाद एक बार फिर हिंसक हो गया है। सोमवार (8 दिसंबर, 2025) की सुबह थाईलैंड ने F-16 फाइटर जेट से कंबोडिया में स्थित एक कैसीनो बिल्डिंग पर हवाई हमला किया। इस हमले में गोलीबारी और सीमा पर तनाव बढ़ने से अब तक 5 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग घायल बताए जा रहे हैं।
थाई सेना का दावा: कैसीनो सैन्य अड्डा बन चुका था
थाईलैंड की सेना का कहना है कि सीमा के पास स्थित यह कैसीनो अब कंबोडियाई सैनिकों का गुप्त सैन्य केंद्र बन गया था। थाई अधिकारियों के अनुसार, यहां भारी हथियार, ड्रोन और गोला-बारूद जमा किया जा रहा था। इसके अलावा कंबोडियाई सैनिक सीमा क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियां कर रहे थे।
थाईलैंड ने इस कार्रवाई को सुरक्षा-आधारित बताया और कहा कि यह हमला किसी उकसाने वाले उद्देश्य से नहीं, बल्कि अपने देश की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए किया गया।
गोलीबारी में नागरिक और सैनिकों की मौत
सीमा पर हुई गोलीबारी में अब तक 4 कंबोडियाई नागरिक और 1 थाई सैनिक की जान चली गई है। इसके अलावा कई लोग घायल हैं। मई 2025 में भी दोनों देशों की सेनाओं के बीच पांच दिन तक संघर्ष चला था, जिसमें 30 से अधिक लोग मारे गए थे।
इस घटना ने सीमा पर पहले से ही तनावपूर्ण माहौल को और बिगाड़ दिया है। स्थानीय नागरिक डर और असुरक्षा की स्थिति में हैं और दोनों देशों की सेनाओं की ओर से बढ़ती चेतावनी और तैनाती ने क्षेत्र की स्थिति को और संवेदनशील बना दिया है।
दो महीने पहले हुआ शांति समझौता डगमगा गया
अक्टूबर 2025 में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की उपस्थिति में थाईलैंड और कंबोडिया के बीच युद्धविराम समझौता हुआ था। लेकिन यह शांतिपूर्ण दौर ज्यादा लंबे समय तक टिक नहीं सका और सिर्फ दो महीने के भीतर स्थिति फिर विस्फोटक हो गई।
अमेरिकी राष्ट्रपति का बयान
इस तनावपूर्ण स्थिति पर प्रतिक्रिया देते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा:
"मैंने 10 महीनों में 8 युद्ध खत्म किए। अब मुझे यह कहते हुए दुःख हो रहा है कि कंबोडिया और थाईलैंड के बीच फिर से युद्ध शुरू हो गया है। मैं एक फोन कॉल करके इन दोनों ताकतवर देशों के बीच शांति स्थापित करने जा रहा हूँ।"
ट्रंप ने इस बात पर जोर दिया कि शांति बनाए रखने के लिए ताकत का इस्तेमाल किया जा रहा है और उनका प्रयास क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने का है।
सीमा विवाद के पीछे की वजह
थाईलैंड और कंबोडिया के बीच यह विवाद सीमा नियंत्रण और सैन्य गतिविधियों को लेकर लंबे समय से चला आ रहा है। दोनों देशों के बीच कई बार छोटे-छोटे संघर्ष हुए हैं, जिनमें नागरिक और सैनिक प्रभावित हुए हैं। मई 2025 में हुई पांच दिवसीय लड़ाई के बाद आशा की जा रही थी कि शांति बनी रहेगी, लेकिन अक्टूबर में हुए युद्धविराम के बावजूद हालात अब फिर से बिगड़ गए हैं।
थाईलैंड-कंबोडिया सीमा विवाद ने एक बार फिर क्षेत्रीय शांति को खतरे में डाल दिया है। F-16 हवाई हमले, गोलीबारी और नागरिकों की मौत ने तनाव को बढ़ा दिया है। अमेरिका समेत अंतरराष्ट्रीय समुदाय की निगाहें अब इन दोनों देशों पर हैं कि वे संवाद और कूटनीति के जरिए स्थिरता और शांति बनाए रखें।
यह घटनाक्रम दिखाता है कि लंबे समय से चली आ रही सीमा असहमति केवल द्विपक्षीय विवाद नहीं है, बल्कि क्षेत्रीय और वैश्विक शांति के लिए भी गंभीर चिंता का विषय बन चुकी है।
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