भारत की रक्षा शक्ति में बड़ा इजाफा: एस-400 मिसाइल, राफेल विमान और समुद्री निगरानी विमानों की खरीद को मंजूरी
भारत सरकार ने रक्षा तैयारियों को मजबूत करने के लिए एस-400 मिसाइल प्रणाली, राफेल लड़ाकू विमान और समुद्री निगरानी विमान खरीदने को मंजूरी दी है। करीब 3.6 लाख करोड़ रुपये के रक्षा सौदों से देश की सुरक्षा क्षमता और मजबूत होगी।
भारत की रक्षा शक्ति में बड़ा इजाफा: एस-400 मिसाइल, राफेल विमान और समुद्री निगरानी विमानों की खरीद को मंजूरी
  • Category: भारत

भारत की सुरक्षा तैयारियों को और मजबूत करने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। रक्षा मंत्रालय ने गुरुवार को हुई अहम बैठक में कई बड़े रक्षा सौदों को मंजूरी दी है। इस फैसले से देश की हवाई और समुद्री सुरक्षा क्षमताओं में काफी बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।

 

रक्षा खरीद परिषद का बड़ा फैसला

रक्षा मंत्रालय की रक्षा खरीद परिषद ने देश की सुरक्षा जरूरतों को ध्यान में रखते हुए कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी है। सबसे बड़ा फैसला रूस से एस-400 वायु रक्षा प्रणाली के लिए 288 मिसाइलें खरीदने का है। इस सौदे की अनुमानित कीमत करीब 10 हजार करोड़ रुपये बताई जा रही है।

 

इस बैठक में केवल मिसाइल खरीद ही नहीं, बल्कि अन्य बड़े रक्षा सौदों पर भी मुहर लगी है। इनमें फ्रांस से राफेल लड़ाकू विमान और अमेरिका से समुद्री निगरानी विमान खरीदने का फैसला भी शामिल है। कुल मिलाकर इस बैठक में करीब 3.60 लाख करोड़ रुपये के रक्षा प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है, जो भारत की सुरक्षा व्यवस्था के लिए बड़ा कदम माना जा रहा है।

 

नई मिसाइलें खरीदने की जरूरत क्यों पड़ी?

रिपोर्ट्स के अनुसार, पिछले साल ऑपरेशन सिंदूर के दौरान एस-400 प्रणाली से कई मिसाइलें इस्तेमाल की गई थीं। इससे देश के पास मौजूद मिसाइलों का भंडार कम हो गया था। इसी कमी को पूरा करने के लिए अब नई मिसाइलें खरीदने का फैसला लिया गया है।

 

इस सौदे के तहत 120 छोटी दूरी और 168 लंबी दूरी तक मार करने वाली मिसाइलें खरीदी जाएंगी। इन मिसाइलों को तेजी से खरीदने की योजना बनाई गई है, ताकि भारत की वायु सुरक्षा प्रणाली जल्द ही पूरी ताकत में वापस आ सके। सरकार ने यह फैसला ऐसे समय लिया है जब रूस से एस-400 प्रणाली के दो और दस्ता इसी साल जून और नवंबर में भारत को मिलने वाले हैं।

 

चार अलग-अलग दूरी की मिसाइलें होंगी शामिल

नई खरीद में चार तरह की दूरी तक मार करने वाली मिसाइलें शामिल होंगी। इनमें 400 किलोमीटर, 200 किलोमीटर, 150 किलोमीटर और 40 किलोमीटर दूरी तक निशाना साधने वाली मिसाइलें होंगी।

 

ये सभी जमीन से हवा में मार करने वाली मिसाइलें होंगी। इनकी मदद से दुश्मन के लड़ाकू विमान, ड्रोन और मिसाइलों को लंबी दूरी से ही खत्म किया जा सकता है। माना जाता है कि ऐसी तकनीक से देश की एयर डिफेंस क्षमता कई गुना बढ़ जाती है।

 

राफेल और समुद्री निगरानी विमानों की खरीद

बैठक में फ्रांस से 114 राफेल लड़ाकू विमान खरीदने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई है। राफेल विमान अपनी आधुनिक तकनीक और मारक क्षमता के लिए जाने जाते हैं। इससे भारतीय वायुसेना की ताकत और बढ़ेगी।

 

इसके अलावा अमेरिका से छह समुद्री निगरानी विमान खरीदने पर भी मुहर लगी है। इन विमानों की कीमत लगभग 30 हजार करोड़ रुपये बताई जा रही है। इनका इस्तेमाल समुद्री सीमाओं की निगरानी और दुश्मन की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए किया जाएगा।

 

भविष्य में और मजबूत होगी भारत की सुरक्षा

एस-400 प्रणाली की सफलता के बाद भारतीय सेना अब इसके पांच और दस्ता खरीदने की योजना बना रही है। साथ ही रूस से पैंटसर जैसी छोटी दूरी की रक्षा प्रणाली लेने पर भी विचार चल रहा है।

 

अगर ये सभी योजनाएं पूरी हो जाती हैं, तो भविष्य में भारत के पास एस-400 के कुल 10 दस्ता हो सकते हैं। इससे देश की हवाई सुरक्षा पहले से कहीं ज्यादा मजबूत हो जाएगी। खासकर ड्रोन और आधुनिक हवाई खतरों से निपटने में भारत को बड़ी ताकत मिलेगी।

 

सुरक्षा के लिहाज से अहम फैसला

विशेषज्ञों का मानना है कि बदलते वैश्विक हालात और बढ़ते सुरक्षा खतरों को देखते हुए भारत लगातार अपनी रक्षा क्षमता को मजबूत कर रहा है। नए रक्षा सौदों से देश की सैन्य ताकत में बड़ा सुधार होगा और सीमाओं की सुरक्षा और मजबूत हो सकेगी। कुल मिलाकर, सरकार का यह फैसला भारत की सुरक्षा नीति को और सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।


  • Share:

Comments (0)

No comments yet. Be the first to comment!

Related To this topic
Link copied to clipboard!

Watch Now

YouTube Video
Newsest | 1d ago
CJP Protest Ground Report | जंतर मंतर से संसद मार्च में क्या हुआ? Protesters से Exclusive बातचीत
YouTube Video
Newsest | 2d ago
ब्रिजेश सिंह की सच्ची कहानी: मुख्तार अंसारी का सबसे बड़ा दुश्मन | Purvanchal Mafia Don (Full Story)
YouTube Video
Newsest | 4d ago
नोएडा ममूरा आग हादसा | Fire Department, Authority और Safety System पर बड़े सवाल
YouTube Video
Newsest | 4d ago
राजा भैया की पूरी कहानी: पोटा से पत्नी के केस तक | कुंडा का अजेय बाहुबली!
YouTube Video
Newsest | 6d ago
क्या 3 अगस्त 2026 को जेल जाएंगे बृजभूषण? बाहुबल से पहलवानों के दंगल तक का पूरा सच!
YouTube Video
Newsest | 11d ago
डूब गया Noida Sector 19! मानसून में Smart City का ये हाल क्यों?
YouTube Video
Newsest | 14d ago
देश की शिक्षा व्यवस्था फेल? जंतर मंतर से Ground Report | #cjp #jantarmantar
YouTube Video
Newsest | 14d ago
स्मार्ट सिटी या डूबता शहर? Noida Sector 49 & Baraula ग्राउण्ड रिपोर्ट| #sector49 #Baraula
YouTube Video
Newsest | 18d ago
Ram Mandir Donation Theft: 10 दिनों में 70 चोरियां और चंपत राय का इस्तीफा!
YouTube Video
Newsest | 20d ago
क्या E20 पेट्रोल बर्बाद कर रहा है आपकी गाड़ी? Ethanol | E20 | Ground Report
YouTube Video
Newsest | 26d ago
Noida Sec 82 Bus Terminal: ₹158 करोड़ की बर्बादी या मास्टरप्लान? अब बनेगा Startups का नया हब!
YouTube Video
Newsest | 26d ago
OTT के दौर में खत्म हो रहा है Traditional Cinema? | Ravi Khanvilkar Exclusive । #NSD
YouTube Video
Newsest | 26d ago
72 Vs 40,000?! Karbala की ये कहानी सुनकर रूह कांप जाएगी! | Karbala Ka Waqia । #Muharram2026
YouTube Video
Newsest | 27d ago
कागज़ के नोट बंद? RBI का 6,373 करोड़ का मास्टरप्लान! | Plastic Money in India Explained
YouTube Video
Newsest | 28d ago
UP Politics Exploded: क्या SP के 26 सांसद छोड़ेंगे अखिलेश का साथ?