ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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दिल्ली-एनसीआर के यात्रियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। अब इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (Delhi Airport) से नोएडा तक पहुंचने में केवल 20 मिनट लगेंगे। इस सुविधा के पीछे बड़ा योगदान है UER-II और द्वारका एक्सप्रेसवे का। दोनों परियोजनाओं के लिंक होने से न केवल दिल्ली और नोएडा करीब आएंगे, बल्कि एनसीआर के सात अहम शहरों को भी एक-दूसरे से तेज़ कनेक्टिविटी मिलेगी।
क्या है UER-II ?
आपको बता दें, UER-II एक आधुनिक एक्सप्रेसवे है, जिसे दिल्ली के बाहरी हिस्सों को जोड़ने के लिए तैयार किया गया है। यह कुल लगभग 75 किलोमीटर लंबा रिंग रोड है, जो दिल्ली के कई हिस्सों को जोड़ते हुए हरियाणा और यूपी से कनेक्टिविटी देता है। इसे दिल्ली का तीसरा रिंग रोड भी कहा जा रहा है।
इस एक्सप्रेसवे के बन जाने से ट्रैफिक का दबाव मुख्य सड़कों से हटकर बाहरी इलाकों में बंट जाएगा। सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि दिल्ली एयरपोर्ट से सीधे नोएडा और ग्रेटर नोएडा तक पहुंचना आसान हो जाएगा।
द्वारका एक्सप्रेसवे का रोल
वही द्वारका एक्सप्रेसवे दिल्ली और गुरुग्राम के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए तैयार किया गया है। इसकी लंबाई लगभग 29 किलोमीटर है और यह एयरपोर्ट से सीधा जुड़ा हुआ है। यह एक्सप्रेसवे न केवल दिल्ली-गुरुग्राम ट्रैफिक का दबाव कम करेगा, बल्कि नोएडा और फरीदाबाद की तरफ जाने वालों के लिए भी तेज़ और आसान रास्ता बनेगा।
7 शहर होंगे आपस में जुड़े
इस परियोजना से एनसीआर के सात महत्वपूर्ण शहरों के बीच सीधी और तेज़ आवाजाही संभव हो जाएगी। इनमें शामिल हैं :
दिल्ली
गुरुग्राम
नोएडा
फरीदाबाद
गाजियाबाद
बहादुरगढ़
सोनीपत
इन शहरों के बीच सफर का समय आधा हो जाएगा और इंडस्ट्रियल, बिज़नेस तथा रेज़िडेंशियल इलाकों में भी आवाजाही आसान होगी।
यात्रियों को फायदा
बता दें, अब एयरपोर्ट से नोएडा तक का सफर केवल 20 मिनट में पूरा होगा, जबकि पहले यही दूरी तय करने में 60 से 90 मिनट लग जाते थे। दिल्ली से बाहर जाने वाले भारी वाहनों को शहर के बीच से नहीं गुजरना पड़ेगा, जिससे ट्रैफिक जाम और प्रदूषण दोनों में कमी आएगी। इसके साथ ही गुरुग्राम और फरीदाबाद से नोएडा-ग्रेटर नोएडा तक पहुंचना कहीं अधिक आसान होगा और दिल्ली एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी पूरे एनसीआर के बड़े शहरों तक और तेज़ हो जाएगी।
आर्थिक और सामाजिक असर
इस नए नेटवर्क से रियल एस्टेट, इंडस्ट्री और व्यापार को बड़ा फायदा होगा। गुरुग्राम, द्वारका, नोएडा और गाजियाबाद जैसे क्षेत्रों में निवेश बढ़ने की उम्मीद है। वहीं, लाखों लोगों को रोज़मर्रा के सफर में सुविधा मिलेगी और समय की बचत होगी।
गौर करने वाली बात यह है कि दिल्ली-एनसीआर में ट्रैफिक की समस्या लंबे समय से आम लोगों की सबसे बड़ी चुनौती रही है। लेकिन UER-II और द्वारका एक्सप्रेसवे के चालू होने के साथ अब तस्वीर बदलने लगी है। एयरपोर्ट से नोएडा तक महज 20 मिनट का सफर तो इसकी एक झलक भर है, आने वाले वक्त में यही नेटवर्क पूरे एनसीआर को विकास और सुविधाओं के नए दौर में ले जाएगा।
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