ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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दिल्ली के अलीपुर में बुधवार सुबह हुआ दर्दनाक सड़क हादसा एक परिवार के लिए जिंदगीभर का दर्द बन गया। इस हादसे में ऑटो चालक राजू शर्मा की मौत हो गई, जो अपने परिवार के इकलौते कमाने वाले सदस्य थे। उनके निधन के बाद उनके बेटों परम शर्मा और मोहित शर्मा के सपने भी अधूरे नजर आने लगे हैं। दोनों भाई सेना और दिल्ली पुलिस में भर्ती होकर परिवार का नाम रोशन करना चाहते थे, लेकिन अब पिता के जाने के बाद परिवार पर आर्थिक संकट गहरा गया है।
कैसे हुआ हादसा?
पुलिस के मुताबिक हादसा बुधवार सुबह करीब 7 बजकर 48 मिनट पर अलीपुर इलाके में हुआ। एक तेज रफ्तार ट्रक ने पीछे से ऑटो-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ऑटो आगे खड़ी एक दूसरी गाड़ी से जा भिड़ा। हादसे के समय ऑटो में कुल सात लोग सवार थे। टक्कर के बाद ऑटो का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। दो यात्री वाहन के अंदर बुरी तरह फंस गए थे, जिन्हें निकालने के लिए बचाव दल को लोहे का मुड़ा हुआ हिस्सा काटना पड़ा।
हादसे में तीन लोगों की मौत
इस दर्दनाक दुर्घटना में ऑटो चालक राजू शर्मा, नौ साल की एक बच्ची और एक अज्ञात यात्री की मौत हो गई। वहीं चार अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायलों को इलाज के लिए लोक नायक जय प्रकाश नारायण अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सेना और पुलिस में जाना चाहते थे दोनों बेटे
राजू शर्मा के बड़े बेटे परम शर्मा दिल्ली विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग में पढ़ाई कर रहे हैं। साथ ही वे दिल्ली पुलिस और सेना की भर्ती परीक्षाओं की तैयारी भी कर रहे थे। उनके छोटे भाई मोहित शर्मा भी सेना में भर्ती होने का सपना देख रहे थे। पिता की मौत के बाद दोनों भाई गहरे सदमे में हैं। परम ने कहा, “मेरे पिता हमारे परिवार में अकेले कमाने वाले थे। वे रोज सुबह जल्दी उठकर मेहनत करते थे ताकि हमारे सपने पूरे हो सकें। अब समझ नहीं आ रहा कि घर कैसे चलेगा।”
पुलिस के दावे पर बेटे ने उठाए सवाल
हादसे के बाद कुछ शुरुआती रिपोर्ट्स में कहा गया कि ऑटो चालक को नींद आ रही थी। लेकिन परम शर्मा ने इस दावे को गलत बताया। उन्होंने कहा, “मेरे पिता रोज सुबह 6 बजे उठते थे। इतनी जल्दी उन्हें नींद कैसे आ सकती है? लोगों को बिना सच जाने ऐसे आरोप नहीं लगाने चाहिए।”
मां को अब तक नहीं दी गई पूरी जानकारी
परिवार की स्थिति इतनी खराब है कि अब तक बच्चों ने अपनी मां को पूरी घटना के बारे में नहीं बताया है। परम ने बताया कि उनकी मां मधुमेह और ब्लड प्रेशर की मरीज हैं। परिवार को डर है कि यह खबर सुनकर उनकी तबीयत और बिगड़ सकती है। उन्होंने कहा, “हम अभी तक पापा के पार्थिव शरीर का इंतजार कर रहे हैं और समझ नहीं पा रहे कि मां को यह सब कैसे बताएं।”
एक हादसे ने बदल दी पूरी जिंदगी
राजू शर्मा की मौत ने केवल एक परिवार का सहारा नहीं छीना, बल्कि दो बेटों के सपनों को भी झकझोर दिया। यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार वाहनों के खतरे पर सवाल खड़े करता है।
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