ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
बॉलीवुड सिंगर और रैपर बादशाह का हाल ही में रिलीज हुआ हरियाणवी ट्रैक “टटीरी” लगातार विवादों में घिरता जा रहा है। इस गाने को लेकर पहले हरियाणा में विरोध शुरू हुआ था और अब यह मामला उत्तर प्रदेश तक पहुंच गया है। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने प्रदेश में बादशाह के सभी स्टेज शो और लाइव परफॉर्मेंस पर प्रतिबंध लगाने की मांग की है।
महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचाने का आरोप
अपर्णा यादव ने अपने पत्र में आरोप लगाया है कि गाने ‘टटीरी’ में महिलाओं और लड़कियों के प्रति बेहद आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया है। उनका कहना है कि इस गाने के वीडियो में स्कूल ड्रेस में छात्राओं को भी अनुचित तरीके से दिखाया गया है, जो महिलाओं की गरिमा के खिलाफ है।
उन्होंने कहा कि स्कूल जैसी पवित्र जगह को भी गाने में गलत तरीके से दिखाया गया है। ऐसे दृश्य और गीत के बोल समाज में गलत संदेश देते हैं और महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचाते हैं।
गाने पर बैन और स्टेज शो रोकने की मांग
अपर्णा यादव ने मुख्यमंत्री से अपील की है कि इस गाने के कारण समाज में गलत प्रभाव पड़ सकता है, इसलिए प्रदेश में बादशाह के सभी स्टेज शो और लाइव परफॉर्मेंस पर प्रतिबंध लगाया जाए।
इसके साथ ही उन्होंने यह भी मांग की है कि इंटरनेट पर भी इस गाने को पूरी तरह से बैन किया जाए। उनका कहना है कि महिलाओं के सम्मान और समाज की संस्कृति की रक्षा के लिए सख्त कदम उठाना जरूरी है।
हरियाणा से शुरू हुआ था विवाद
इस गाने को लेकर विवाद की शुरुआत हरियाणा से हुई थी। वहां राज्य महिला आयोग ने बादशाह को समन जारी किया था और इस मामले में एफआईआर भी दर्ज की गई थी। विवाद बढ़ने के बाद इस गाने को यूट्यूबसे भी हटा दिया गया। हालांकि इसके बावजूद सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में यह मुद्दा लगातार चर्चा में बना हुआ है।
सोशल मीडिया पर भी हो रही आलोचना
बादशाह के इस गाने को लेकर सोशल मीडिया पर भी लोगों की तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। कई लोग गाने के बोल और वीडियो को लेकर आलोचना कर रहे हैं। विवाद बढ़ने के बाद बादशाह ने इस गाने के लिए माफी भी मांगी, लेकिन इसके बावजूद विवाद अभी तक थमता नजर नहीं आ रहा।
‘टटीरी’ गाने को लेकर शुरू हुआ विवाद अब केवल मनोरंजन जगत तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह सामाजिक और राजनीतिक मुद्दा बन गया है। अपर्णा यादव द्वारा मुख्यमंत्री को लिखे गए पत्र के बाद यह देखना दिलचस्प होगा कि इस मामले में सरकार आगे क्या कदम उठाती है। फिलहाल यह विवाद इस बात को लेकर बहस छेड़ रहा है कि मनोरंजन और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी का संतुलन कैसे बनाए रखा जाए।
Comments (0)
No comments yet. Be the first to comment!