ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
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ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और कांग्रेस के बीच राजनीतिक विवाद तेज हो गया है, जब राहुल गांधी द्वारा चीन और भारत की तुलना संबंधी एक बयान के बाद भाजपा नेताओं ने उन पर जमकर निशाना साधा। भाजपा ने राहुल गांधी के बयानों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है और कांग्रेस नेता पर देश के खिलाफ दुष्प्रचार का आरोप लगाया है। इस सियासी घमासान में भाजपा के कई वरिष्ठ नेताओं ने राहुल गांधी की बातों को गंभीर चुनौती बताया।
शहज़ाद पूनावाला का तीखा आरोप
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहज़ाद पूनावाला ने राहुल गांधी को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष (LoP) कहने की बजाय “लीडर ऑफ प्रोपेगेंडा (प्रचार का नेता)” बताया है। पूनावाला का कहना है कि राहुल गांधी भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था और संवैधानिक संस्थाओं के खिलाफ बयान देते रहते हैं, जो देश की छवि पर प्रश्नचिन्ह उठाते हैं।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने भारतीय अर्थव्यवस्था को “डेड इकोनमी” कहा है, जबकि भारत की अर्थव्यवस्था सकारात्मक रूप से उभर रही है। पूनावाला ने यह भी दावा किया कि कांग्रेस को चीन से धन मिलता है, इसी कारण वह चीन का समर्थन करता है।
देश के खिलाफ आरोपों पर भाजपा का रुख
पूनाावाला ने यह तक कहा कि राहुल गांधी “भारत बदनामी ब्रिगेड के मुखिया” बन चुके हैं, और उनकी बयानों से भारत की प्रतिमा को नुकसान पहुंचता है। भाजपा प्रवक्ता ने दावा किया कि राहुल गांधी न केवल देश की आर्थिक प्रगति पर सवाल उठाते हैं बल्कि मैन्युफैक्चरिंग और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे मुद्दों पर भी प्रतिकूल बयान देते हैं।
इन आरोपों का मकसद केवल राजनीतिक विवाद बढ़ाना ही न होकर यह भी दिखाना है कि भाजपा के नेताओं के मुताबिक राहुल गांधी की आलोचनाएँ देशहित के बजाय राजनीतिक एजेंडा को आगे बढ़ाने में अधिक केंद्रित हैं।
आरपी सिंह का पलटवार
भाजपा के एक अन्य राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने भी राहुल गांधी को जवाब देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तमिल संस्कृति, भाषा और विरासत का सम्मान और समर्थन कर रहे हैं। उन्होंने विशेष रूप से तमिल संगम और अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों का हवाला देते हुए कहा कि राहुल गांधी को इसी वजह से परेशानी हो रही है, क्योंकि कांग्रेस ऐसे प्रयासों की सराहना नहीं करती थी।
आरपी सिंह का यह बयान सियासी विवाद को और गहरा कर रहा है, क्योंकि उन्होंने संस्कृति, शिक्षा और सामरिक संदर्भों को भी राजनीति के केंद्र में रखा है।
बिहार के उपमुख्यमंत्री का संदेश
भाजपा के बिहार उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने भी राहुल गांधी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को पहले खुद को भारतीय समझना चाहिए और भारतीय संस्कृति तथा परंपरा से जुड़ना चाहिए। सिन्हा ने यह भी कहा कि यदि राहुल गांधी ऐसा मानसिक दृष्टिकोण अपनाएंगे, तो वह भारत के गौरव को बेहतर तरीके से समझ पाएंगे।
विजय कुमार सिन्हा ने यह भी कहा कि भारत इतिहास में विश्व नेतृत्व का उदाहरण रहा है, और यदि राहुल गांधी भारत की वास्तविकता को समझेंगे, तो इस प्रकार के बयानों से बचेंगे।
राजनीतिक विवाद और प्रतिक्रिया
इस पूरे विवाद ने सियासी माहौल को गर्म कर दिया है। भाजपा नेताओं के तीखे बयानें और राहुल गांधी के चीन‑संबंधी टिप्पणी के बाद कांग्रेस की ओर से अब तक कोई खुली प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। इस प्रकार की राजनीतिक नोक‑झोंक अक्सर चुनावी माहौल को प्रभावित करती है और दोनों पक्षों में आलोचनाओं और जवाबों का सिलसिला जारी रहता है।
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