ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
गाज़ियाबाद में मंगलवार को GDA ने एक बड़ा कदम उठाते हुए अवैध निर्माणों पर कड़ी कार्रवाई की। जीडीए की टीम ने शहर के अलग-अलग हिस्सों में चल रही प्लॉटिंग और कॉलोनियों को ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई करीब 60 हज़ार वर्ग मीटर ज़मीन पर फैले अवैध निर्माणों पर की गई, जिससे भू-माफियाओं में हड़कंप मच गया।
कैसे हुई कार्रवाई?
जानकारी के मुताबिक, सुबह-सुबह ही जीडीए की टीमें पुलिस बल और जेसीबी मशीनों के साथ मौके पर पहुँचीं। जिन कॉलोनियों की शिकायत लंबे समय से मिल रही थी, उन पर सबसे पहले बुलडोज़र चला। देखते ही देखते कई अधूरे मकान और प्लॉट की दीवारें जमींदोज़ हो गईं। स्थानीय लोगों की भीड़ इस कार्रवाई को देखने के लिए जुटी रही। कई लोग चौंके, तो कुछ ने राहत की सांस ली कि अब अवैध कॉलोनियों पर अंकुश लगेगा।
जीडीए का बयान
जीडीए अधिकारियों का साफ कहना है कि गाज़ियाबाद में अवैध कॉलोनियों को किसी भी कीमत पर पनपने नहीं दिया जाएगा।
अधिकारियों के मुताबिक:
“यह कार्रवाई जनता के हित में है। अवैध कॉलोनियों में न तो बुनियादी सुविधाएँ होती हैं और न ही वे किसी कानून का पालन करती हैं। ऐसी जगहों पर रहना लोगों के लिए खतरे से खाली नहीं है। हमारी अपील है कि कोई भी व्यक्ति बिना प्राधिकरण की अनुमति के बने प्रोजेक्ट में निवेश न करे।”
अवैध कॉलोनियों की समस्या
गाज़ियाबाद NCR का हिस्सा है और यहाँ जमीन की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं। इसी का फायदा उठाकर भू-माफिया किसानों से जमीन खरीदते हैं और बिना नक्शा पास कराए उस पर कॉलोनी काट देते हैं।
•ऐसी कॉलोनियों में न बिजली की गारंटी होती है, न पानी की, और न ही सीवर जैसी ज़रूरी सुविधाएँ।
•खरीदारों को सस्ते दाम दिखाकर फंसाया जाता है।
•बाद में जब जीडीए की कार्रवाई होती है तो खरीदार सबसे ज्यादा नुकसान उठाते हैं।
लोगों की प्रतिक्रिया
अब जीडीए की इस कार्रवाई को लेकर लोगों की अलग-अलग राय देखने को मिली। कुछ लोग नाराज़ दिखे क्योंकि उनका कहना था कि उन्हें पता ही नहीं था कि कॉलोनी अवैध है। वहीं दूसरी तरफ, शहर के कई नागरिकों ने इस कदम का स्वागत किया और कहा कि ऐसी कॉलोनियों को रोकना ज़रूरी है ताकि गाज़ियाबाद का विकास सुनियोजित तरीके से हो सके।
आगे की योजना
जीडीए ने यह भी साफ कर दिया है कि यह अभियान यहीं नहीं रुकेगा। जिन इलाकों में अवैध प्लॉटिंग या कॉलोनी विकसित होने की शिकायत मिलेगी, वहाँ कार्रवाई जारी रहेगी। अधिकारियों ने यह भी कहा कि दोषियों पर कानूनी कार्रवाई कर उन्हें सबक सिखाया जाएगा।
बहरहाल, गाज़ियाबाद में जीडीए की इस कार्रवाई से यह संदेश साफ हो गया है कि अवैध कॉलोनियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। भू-माफियाओं पर शिकंजा कसने के साथ-साथ यह आम नागरिकों के लिए भी चेतावनी है कि किसी भी प्रॉपर्टी में निवेश करने से पहले उसकी वैधता ज़रूर जांच लें। जीडीए का यह बुलडोज़र एक्शन सिर्फ ज़मीन खाली कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह शहर को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने की दिशा में उठाया गया बड़ा कदम है।
Comments (0)
No comments yet. Be the first to comment!