ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
ज़मीन से जुड़ी सोच और सच्ची खबरें
पश्चिम बंगाल में नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी के निजी सहायक (PA) चंद्रनाथ रथ की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस मामले में उत्तर प्रदेश के बलिया निवासी राज सिंह उर्फ चंदन को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी को पकड़ने के लिए पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश और बिहार पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन चलाया था। हालांकि गिरफ्तारी के बाद अब आरोपी की मां जामवंती सिंह सामने आई हैं और उन्होंने अपने बेटे को निर्दोष बताया है। राज सिंह की मां ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि उनके बेटे को फर्जी तरीके से फंसाया जा रहा है। उनका कहना है कि राज सिंह कभी कोलकाता गया ही नहीं और घटना के समय वह उनके साथ अयोध्या में मौजूद था।
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, पश्चिम बंगाल में 6 मई की देर रात शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस घटना के बाद बंगाल की राजनीति में हड़कंप मच गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और कई राज्यों में छापेमारी की। जांच के दौरान उत्तर प्रदेश के बलिया निवासी राज सिंह का नाम सामने आया। पुलिस का दावा है कि राज सिंह इस हत्याकांड में शामिल शूटरों में से एक है। रविवार देर रात पश्चिम बंगाल पुलिस ने अयोध्या पुलिस की मदद से उसे हिरासत में लिया। इस ऑपरेशन में बिहार पुलिस की भी मदद ली गई थी।
आरोपी की मां ने क्या कहा?
राज सिंह की मां जामवंती सिंह ने बेटे की गिरफ्तारी को गलत बताते हुए कहा कि पुलिस ने उन्हें और उनके बेटे को अयोध्या में रोका था। उन्होंने आरोप लगाया कि बिना स्पष्ट जानकारी दिए पुलिस उनके बेटे को अपने साथ ले गई। रोते हुए उन्होंने कहा कि पुलिस ने पहले बताया था कि पूछताछ के लिए ले जा रहे हैं और बाद में छोड़ देंगे, लेकिन फिर कोलकाता पुलिस उनके बेटे को अपने साथ ले गई। उन्होंने दावा किया कि उनका बेटा कभी कोलकाता नहीं गया और उसके खिलाफ लगाए गए आरोप झूठे हैं। जामवंती सिंह ने यह भी कहा कि उनके घर और बाजार में लगे CCTV कैमरों की जांच की जाए, जिससे साबित हो सके कि उनका बेटा घटना के समय घर पर ही था।
कौन है राज सिंह?
जानकारी के मुताबिक, राज सिंह उर्फ चंदन उत्तर प्रदेश के बलिया जिले का रहने वाला है। उसके फेसबुक प्रोफाइल के अनुसार वह अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा उत्तर प्रदेश का महासचिव है। बताया जा रहा है कि वह स्थानीय राजनीति में भी सक्रिय था और चिलकहर ब्लॉक प्रमुख पद के लिए तैयारी कर रहा था। इसके अलावा वह आने वाले सभासद चुनाव लड़ने की भी योजना बना रहा था।
जांच में जुटी पुलिस
फिलहाल पश्चिम बंगाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस हत्या के पीछे कौन लोग शामिल थे और इसका मकसद क्या था। वहीं दूसरी तरफ आरोपी के परिवार का कहना है कि राज सिंह को राजनीतिक या व्यक्तिगत कारणों से फंसाया जा रहा है। इस मामले ने अब राजनीतिक और कानूनी दोनों स्तरों पर नई बहस शुरू कर दी है
Comments (0)
No comments yet. Be the first to comment!